“साहब, मैं चिल्ला नहीं सकता!” जब ‘हीरामंडी’ के सितार वादक भागीरथ भट्ट ने बिग बॉस के करोड़ों के ऑफर पर बंद कर दिया दरवाजा

Bhagirath Bhatt

आज के दौर में जब सितार वादक Bhagirath Bhatt जैसी शख्सियत चर्चा में आती है, तो सवाल उठता है कि ‘फेम’ क्या होता है?—सोशल मीडिया पर लाखों व्यूज, कैमरे के सामने बेवजह की चिल्लम-चिल्ली, या फिर किसी रियलिटी शो में चार लोगों से भिड़कर टीआरपी बटोरना। चमक-दमक की इस अंधी दौड़ में जब किसी का नाम सलमान खान के शो ‘बिग बॉस’ से जुड़ता है, तो लोग जश्न मनाने लगते हैं। उनके पीआर मैनेजर हवा बना देते हैं और हर दिन एक नया सस्पेंस सोशल मीडिया पर परोसा जाता है ताकि किसी तरह लाइमलाइट बटोरी जा सके।

लेकिन इसी शोरगुल के बीच गुजरात के जामनगर से ताल्लुक रखने वाले एक सादे से नौजवान ने ऐसा कुछ कर दिया, जिसने पूरी ग्लैमर इंडस्ट्री को सोचने पर मजबूर कर दिया है। नाम है—भागीरथ भट्ट (Bhagirath Bhatt)।

वही भागीरथ भट्ट (Bhagirath Bhatt), जिनके सितार की मींड़ सुनकर संजय लीला भंसाली की ‘हीरामंडी’ के सीन जीवंत हो उठते हैं। वही भागीरथ, जिनकी उंगलियां जब तारों पर थिरकती हैं, तो ‘पद्मावत की पृष्ठभूमि में इतिहास खुद सांस लेने लगता है। पिछले कुछ हफ्तों से एंटरटेनमेंट गलियारों में यह चर्चा जोरों पर थी कि बिग बॉस 20 के घर में इस बार सितार की धुन गूंजेगी। लोग कयास लगा रहे थे कि शास्त्रीय संगीत की साधना करने वाला यह फनकार आखिरकार सलमान खान के अखाड़े में उतरने जा रहा है।

लेकिन जब शो शुरू होने में महज कुछ ही दिन बचे थे, भागीरथ ने बिना किसी बनावट और बिना किसी ड्रामे के कैमरे के सामने आकर बेहद संजीदगी से कह दिया—‘साहब, ये तमाशा मेरी दुनिया नहीं है। मैं नहीं आ रहा।’

वो उंगलियां, जिन्हें हिंदुस्तान सुनता है पर चेहरा कम पहचानता है

हम और आप जब यूट्यूब पर कोई गाना सुनते हैं या थियेटर में कोई भव्य फिल्म देखते हैं, तो स्क्रीन पर दिख रहे हीरो या गाने वाले गायक पर फिदा हो जाते हैं। बहुत कम लोग यह जानने की कोशिश करते हैं कि उस पूरे गाने की रूह को किस फनकार ने गढ़ा है।

भागीरथ भट्ट (Bhagirath Bhatt) पर्दे के पीछे की उसी दुनिया के बेताज बादशाह हैं। उनका बचपन किसी स्टूडियो के एयरकंडीशनर में नहीं, बल्कि संतों की संगत और तानपूरे के सुरों के बीच बीता। पिता पंकजकुमार भट्ट पिछले 45 सालों से मोरारी बापू की रामकथाओं में गायन और तबला वादन से अध्यात्म का रंग भरते आ रहे हैं। घर में सुबह की शुरुआत चाय से पहले रियाज से होती थी। महाराजा सयाजीराव यूनिवर्सिटी (MSU वडोदरा) से सितार वादन में गोल्ड मेडल जीतने वाले भागीरथ ने उस्ताद शाहिद परवेज और उस्ताद अब्दुल हलीम जाफर खान जैसे लीजेंड्स से संगीत के वह गुर सीखे हैं, जो बाज़ार में पैसे फेंकने से नहीं मिलते।

यही वजह है कि बॉलीवुड में जब भी किसी डायरेक्टर को किसी सीन में असली दर्द, ठहराव या शास्त्रीय जादू चाहिए होता है, तो फोन सीधे भागीरथ को जाता है।

  • संजय लीला भंसाली की ऐतिहासिक फिल्म ‘पद्मावत’ और उनकी चर्चित म्यूजिक एल्बम ‘सुकून’
  • नेटफ्लिक्स की कालजयी सीरीज ‘हीरामंडी’ का बैकग्राउंड स्कोर।
  • युवाओं की पसंदीदा सीरीज ‘कोटा फैक्ट्री’, ‘गुल्लक’, और ‘पंचायत’ जैसे संजीदा प्रोजेक्ट्स।
  • और अब आने वाली बड़ी फिल्में जैसे ‘बॉर्डर 2’‘भूल भुलैया 3’

ए.आर. रहमान से लेकर अरिजीत सिंह और सोनू निगम तक, देश का शायद ही कोई बड़ा संगीतकार हो जिसने भागीरथ के साथ काम न किया हो। लेकिन इस भारी-भरकम काम के बाद भी भागीरथ कभी फूहड़ लाइमलाइट के पीछे नहीं भागे।

फिर बिग बॉस की चौखट तक कैसे पहुंचा एक सितार वादक का नाम?

बिग बॉस देखने वाले जानते हैं कि मेकर्स हर सीजन में कुछ ऐसे लोगों को पकड़ते हैं, जिनका बैकग्राउंड बाकी घर वालों से बिल्कुल अलग हो। उन्हें पता होता है कि जहां चौदह लोग सिर्फ चिल्लाने और प्लेटें पटकने में यकीन रखते हैं, वहां अगर एक शांत, सुलझा हुआ और साधना करने वाला इंसान बैठ जाए, तो ड्रामा अपने आप दोगुना हो जाता है।

काफी समय से मेकर्स भागीरथ भट्ट से Bhagirath Bhatt Bigg Boss 20 के संदर्भ में लगातार संपर्क साधे हुए थे। सोशल मीडिया पर पेज चलने लगे कि “शास्त्रीय संगीतकार जाएंगे बिग बॉस के घर!” दर्शकों को लगा कि शायद इस बार टीआरपी की भूख एक और गंभीर फनकार को निगल जाएगी। लाखों रुपये का हफ्ता, सलमान खान का मंच और हर रोज़ प्राइम टाइम पर करोड़ों की ऑडियंस—यह वह लालच था जिसके आगे बड़े-बड़े अभिनेता घुटने टेक देते हैं।

‘मैं चीख नहीं सकता, मैं लड़ नहीं सकता’: जब सादगी ने फेम को आईना दिखाया

जब चर्चाएं हद से ज्यादा बढ़ गईं और प्रशंसकों के मैसेज की बाढ़ आ गई, तो भागीरथ भट्ट ने जो कहा, वह आज के हर उस नौजवान को सुनना चाहिए जो ‘वायरल’ होने के लिए अपनी मर्यादा दांव पर लगा देता है।

भागीरथ ने दो टूक शब्दों में कहा:

“लोग मुझसे पूछ रहे हैं कि क्या मैं बिग बॉस जा रहा हूँ? मेरा जवाब बिल्कुल साफ है—नहीं। मैं उस जगह के लिए बना ही नहीं हूँ। मेरा स्वभाव चिल्लाने का नहीं है। मैं किसी पर बेमतलब का गुस्सा नहीं कर सकता, न ही मुझे किसी से झूठी लड़ाइयां लड़नी आती हैं। मेरी पूरी ज़िंदगी सितार के सात सुरों के बीच बीती है। मैं संगीत की उस खामोशी में खुश हूँ। जिस मंच पर गाली-गलौज और झगड़े को पहचान माना जाए, वहां जाकर मैं अपनी कला और अपनी आत्मा को नहीं बेच सकता।”

यह बयान सिर्फ एक रियलिटी शो का बायकॉट नहीं था, बल्कि यह उस पूरे तमाशे के मुंह पर एक करारा जवाब था जो यह मानता है कि पैसे और शोहरत के दम पर किसी भी इंसान की फितरत खरीदी जा सकती है। Bhagirath Bhatt Bigg Boss 20 के इस स्पष्ट इनकार ने यह साबित कर दिया कि असली साधक कभी शोहरत के सस्ते जाल में नहीं फंसते।

सस्ता फेम बनाम रियाज का सम्मान

सोच कर देखिए, बिग बॉस में जाने का मतलब क्या होता? इंस्टाग्राम पर रातों-रात लाखों नए फॉलोअर्स, एयरपोर्ट पर पैपराजी का हुजूम और हर दूसरे दिन किसी न किसी बात पर ट्रोलिंग या ट्रेंडिंग।

लेकिन एक शास्त्रीय संगीतकार के लिए सबसे बड़ी दौलत क्या होती है? वह सुकून, जो सुबह चार बजे तानपूरा मिलाते वक्त दिल में उतरता है। वह इज्जत, जो जब कोई बड़ा उस्ताद आपकी तान सुनकर सिर हिलाता है, तब मिलती है। भागीरथ भट्ट यह बात बहुत अच्छी तरह समझते हैं कि बिग बॉस का फेम पानी का बुलबुला है—तीन महीने बाद कोई नहीं पूछता कि विनर कौन था। लेकिन सितार पर साधी गई एक सही तान सदियों तक लोगों की यादों में जिंदा रहती है।

कला और तमाशे के बीच खिंची एक साफ लकीर

भागीरथ भट्ट (Bhagirath Bhatt) के इस दो-टूक इनकार के बाद अब बिग बॉस के घर में बाकी कंटेस्टेंट्स का जमावड़ा लगने जा रहा है। टेलीविजन और सोशल मीडिया के कई चर्चित चेहरे घर में कैद होंगे। लड़ाइयां होंगी, बर्तन बजेंगे, आंसुओं का ड्रामा होगा और सलमान खान वीकेंड पर क्लास लगाएंगे। दर्शक भी तालियां पीटेंगे।

लेकिन टीवी के इस ड्रामे के समानांतर, मुंबई के किसी कोने में भागीरथ भट्ट(Bhagirath Bhatt) अपने कमरे में बैठकर सितार के तार कस रहे होंगे। उनकी उंगलियां किसी नए गाने की धुन तलाश रही होंगी।

कला और तमाशे के बीच जब भी कोई लकीर खींची जाएगी, भागीरथ भट्ट का यह फैसला हमेशा याद रखा जाएगा कि एक दौर ऐसा भी था, जब एक युवा कलाकार ने करोड़ों की चमक-दमक के सामने अपने स्वाभिमान और सुरों को झुकने नहीं दिया।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)

Q1. भागीरथ भट्ट असल में कौन हैं?

भागीरथ भट्ट गुजरात के जामनगर के रहने वाले एक अंतरराष्ट्रीय स्तर के युवा सितार वादक और संगीतकार हैं। उन्होंने ‘हीरामंडी’, ‘पद्मावत’, ‘सुकून’ और ‘कोटा फैक्ट्री’ जैसी फिल्मों और सीरीज में मुख्य सितार वादन किया है।

Q2. क्या Bhagirath Bhatt Bigg Boss 20 में नजर आएंगे?

जी नहीं, उन्होंने वीडियो और बयान जारी करके पूरी तरह साफ कर दिया है कि वे बिग बॉस में हिस्सा नहीं ले रहे हैं।

Q3. भागीरथ भट्ट ने शो में जाने से क्यों मना कर दिया?

उनका कहना है कि उनका स्वभाव शांत है और वे शास्त्रीय संगीत की साधना करते हैं। बिग बॉस जैसे आक्रामक और विवादित माहौल में वे खुद को फिट नहीं पाते।

Q4. भागीरथ भट्ट के पिता कौन हैं?

उनके पिता पंडित पंकजकुमार भट्ट हैं, जो पिछले 45 वर्षों से पूज्य मोरारी बापू की रामकथाओं में गायन और तबला वादन करते आ रहे हैं।

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